આજે હું એક શરાબી ગીત લખવાનો  છું . જે દર્દ મુવીના એક ગીત કે જે અનાથ આશ્રમના  બાળકો  ગાઈ રહ્યાં છે .એ ઢબથી ગાઈ શકાશે .
આ ગીત કેટલાકને   ના પણ ગમે  પણ મનેતો ગમશે . જે ભાઈ અને બહેન ને ગમે તેઓ  કોમેન્ટ આપી .મારી જીવન જ્યોત બુઝાવા જઈ રહી છે .તેને પ્રજવલ્લિત કરી શકે છે.

मेरी उमर बढ़ती जारही है अहबाब मुहब्बत  देते रहो
मेरी जीवन नोका डूबती है  आखिर्की उल्फत देते रहो

જોકે થોડા દિવસ પહેલા  દાક્તરે  ઘી પૂરી વાટ સંકોરી પ્રકાશિત કરી રાખી છે.

साकी आज पिला देना  भरभर के पैमाना  पैमाना गर नहीं है  बोतालसे पिला देना                साकी = शराब पिलाने वाली        पैमाना = शराब पीनेका पात्र        गर = जो
साकी तेरा मयखाना मुझे लगता बुतखाना

हर एक हसीनो का दीदार करा देना       १
બુતખાના શબ્દના બે અર્થ થાય છે મંદિર અને સુંદરીઓને રહેવાનું સ્થળ અહી સુંદરીઓને રહેવાનું સ્થળ સમજવાનું છે.
आज ऐसी पिला साकी कोई गम न रहे बाकी
मखमुर बना देना मुझे गले लगालेना     २             गम=दू:ख   मखमूर = नशेमे चूर , मस्त
“आता” इको विस्किमी थोड़ी रम्म मिलादेना
ब्रान्दिके अन्दर भी  ताडिको  मिला देना      ३
गीता भारती ज्योति को कोई खबर नहीं देना
वर्ना वो आकरके छीन लेगी पैमाना        4

3 responses to “

  1. pragnaju June 5, 2012 at 2:58 pm

    याद दिलादी

    अकबर इलाहाबादी

    हुए इस कदर मुहज़्ज़ब, कभी घर का मुंह न देखा
    कटी उम्र होटलों में, मरे अस्पताल जाकर

    (मुहज़्ज़ब: सभ्य)

    क्या तुम से कहें जहां को कैसा पाया
    गफलत ही में आदमी को डूबा पाया

    दुनिया उभारती है आज अपने आशिकों को
    मर जाएंगे तो उनका कल नाम भी न लेगी

    हादिसें अपने तरीकों से गुज़रते ही रहे
    क्यों हुआ ऐसा, हम तहकी़क़ करते ही रहे

    ये सच है, बेख़बर है निस्फ दुनिया निस्फ दुनिया से
    कि ये मातम में है मसरूफ, और वो चैन करती है

  2. સુરેશ June 6, 2012 at 6:14 am

    गीता भारती ज्योति को कोई खबर नहीं देना…

    अगर हम भी आयें और आपको पीने न दे तो ? !

    • aataawaani June 6, 2012 at 10:14 am

      तो आपके साथ दोस्ती ज्यादा पक्की होगी

        Ataai ~sacha hai dost hagiz juta ho nahi sakta   jal jaega sona firbhi kaalaa ho nahi sakta Teachers open door, But you must enter by yourself.

      ________________________________

आपके जैसे दोस्तों मेरा होसला बढ़ाते हो .मै जो कुछ हु, ये आपके जैसे दोस्तोकी बदोलत हु, .......आता अताई

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